स्वतंत्रता दिवस

15 अगस्त  भारत का स्वतंत्रता दिवस

भारत का स्वतंत्रता दिवस (अंग्रेज़ी: Independence Day of India) हर वर्ष 15 अगस्त को मनाया जाता है। सन् 1947 में इसी दिन भारत के निवासियों ने ब्रिटिश शासन से स्‍वतंत्रता प्राप्त की थी। प्रतिवर्ष इस दिन भारत के प्रधानमंत्री लाल किले की प्राचीर से देश को सम्बोधित करते हैं।
देश के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री, राज्यों के मुख्यमंत्री और राज्यपाल आदि लोग 14 अगस्त को देश के नाम सन्देश देते है और दुसरे दिन देश के प्रधानमंत्री लालकिले पर झंडा फहराते हैं. वे देश को संबोधित करते हैं . इस दिन हर आदमी छोटा-बड़ा सब लोग देशभक्ति में मस्त और खुश रहते हैं.  इस दिन प्राथमिक इकाई से लेकर प्रधानमंत्री तक इस पावन पर्व को मनाते हैं.

17 सदी से भारत विदेशी लोगो के अधीन रहा. बापूजी ने देश में राष्ट्रव्यापी आन्दोलन की शुरुआत की. जैसे-असहयोग आन्दोलन, सविनय अवज्ञा और दांडी यात्रा आदि आन्दोलन शुरू किये.आजादी से पहले भारत ब्रिटिश लोगो के अधीन रहा, अंग्रेजो ने भारत के लोगो को एक-दुसरे के खिलाफ लड़ाया और अपना पैर ज़माने लगे. आजादी से पहले भारतीय समाज सुधारको ने अनेक आन्दोलन किये और अपना बलिदान और खून देश के लिये बहा दिया. गाँधी, पटेल,भगत सिंह , राजगुरु, चंद्रशेखर, आदि राजाओं ने भी इस देश के लिये अपना बलिदान दिया.ब्रिटिश राज के आखिरी वायसराय लार्ड माउंटबेटन ने पहले भारत की आजादी की तारीख को सन 1948 में रखा था पर उस समय भारत में हिंसा, दंगे होने के कारण माउंटबेटन को सन 1948 से पहले ही देश को आजाद करना पड़ा था. लार्ड माउंट-बेटन ने भारत को आजाद भी किया और देश को दो टुकड़ो में बांट दिया जिससे पाकिस्तान का जन्म हुआ. पाकिस्तान का जन्म 14 अगस्त को हुआ और भारत को आजादी 15 अगस्त को मिली. आजादी के समय लाखो सिख, मुस्लिम, और हिन्दू एक-दुसरे देशो की सीमओं को लांघ मुस्लिम लोग पाकिस्तान चले गए और पाकिस्तान में रह रहे सिख और हिन्दू हिंदुस्तान आ गए. बंटवारे के समय मानव जाति ने इतनी बड़ी खून की होली कभी नहीं खेली. दोनों देशो में हिंसा और दंगे भड़क गये और 15 अगस्त की सुबह 11 बजे भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने भारत की आजादी का समारोह आयोजन किया.तब से 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस मनाते आ रहे है |

स्वतन्त्रता दिवस पर कुछ रोचक बातें :-

1) पाकिस्तान अपना आजादी का पर्व 14 अगस्त को मनाता हैं जबकि भारत 15 अगस्त को.
2) भारत ने 1947 से 1950 तक बिना राष्ट्रीयगान के साथ यह पर्व मनाया क्योंकि राष्ट्रगान पूरा नहीं बना था.
3) भारत और पाकिस्तान की सीमा रेखा 17 अगस्त को खीची गई.यह लाइन रेडक्लिफ़ लाइन कहलाता है
4) आजादी के समय करेंसी (मुद्रा) 1 रुपया 1 डॉलर के बराबर था .

5.) पहला राष्ट्रीय गान :-स्पेन ने 1740 में माचा रियल को अपनाया, पहला दत्तक राष्ट्रीय गान नीदरलैंड के पास 1518 की गान है, लेकिन यह स्पेन के बाद अपनाया गया था। जापान के गानों के गीत हैं जो 9 00 और 1185 के बीच कहीं और हैं, लेकिन इसे 1 9 22 तक एक राष्ट्रगान के रूप में अपनाया नहीं गया था।6)भारत के राष्ट्रीय गान को रवींद्रनाथ टैगोर द्वारा बंगाली भाषा में लिखा गया था।

7)इसे पहली बार 27 दिसंबर, 1911 को भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के कलकत्ता सत्र में गाया गया था |

8)जन गण मन ”को आधिकारिक रूप से भारतीय राष्ट्रीय गान के रूप में संविधान सभा द्वारा अपनाया गया था 24 जनवरी 1950 को।

9)राष्ट्रगान की औपचारिक प्रस्तुति में लगभग 52 सेकंड लगते हैं। पहली और आखिरी पंक्तियों (और खेलने में लगभग 20 सेकंड) से मिलकर एक छोटा संस्करण भी कभी-कभी गाया जाता है।

10)1905 में बंगाल का विभाजन और 1911 तक बंगाल भारत की राजधानी रहा

11) सुभाष चंद्र बोस ने बंगाली से हिंदी में राष्ट्रगान का अनुवाद किया

12) कप्तान राम सिंह द्वारा संगीतबद्ध किया गया

13) रवींद्र नाथ टैगोर ने बांग्लादेश के राष्ट्रगान के रूप में “अमर सोनार बंगा” भी लिखा था।

14) दिल्ली में 1911 में किंग गोगे V के स्वागत के लिए लिखा गया एक गीत, जो “जन गण मन” है।बाद में राष्ट्रीय गान के रूप में अपनाया गया|

15)पिंगली वेंकय्या ने ध्वज का डिज़ाइन किया :-गांधी ने पहली बार 1921 में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस को एक ध्वज का प्रस्ताव दिया था। इस ध्वज को पिंगली वेंकय्या ने डिजाइन किया था। केंद्र में एक पारंपरिक कताई पहिया था, जो गांधी के भारतीयों को अपने स्वयं के कपड़े बनाकर आत्मनिर्भर बनाने के लक्ष्य का प्रतीक था।

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